Thursday, 6 January 2022

मंत्रिपरिषद में प्रधानमंत्री की विशिष्ट स्थिति पर टिप्पणी कीजिए।

मंत्रिपरिषद में प्रधानमंत्री की विशिष्ट स्थिति पर टिप्पणी कीजिए।

मंत्रिपरिषद में प्रधानमंत्री की स्थिति

संसदीय शासन व्यवस्था में मंत्रिपरिषद वास्तविक कार्यपालिका प्रधान होती है, जिसका प्रधान प्रधानमंत्री होता है। भारतीय संविधान के अनुच्छेद 74/1) में भी कहा गया है कि मंत्रिपरिषद का प्रधान, प्रधानमंत्री होगा। परम्परानुसार मंत्रिपरिषद में प्रधानमंत्री की विशिष्ट स्थिति को निम्नप्रकार समझा जा सकता है -

  1. संसद के निम्न सदन लोकसभा में प्रधानमंत्री बहुमत प्राप्त दल का नेता होता है।
  2. मंत्रिमंडल के निर्माण हेतु मंत्रियों का चुनाव करने, उनको विभागों का वितरण करने तथा मंत्रियों को पदच्युत करने के लिए राष्ट्रपति से सिफारिश करने की प्रधानमंत्री को अनन्य शक्ति प्राप्त है।
  3. मंत्रिमंडल का अध्यक्ष होने के कारण प्रधानमंत्री मंत्रिमंडल की बैठकें आयोजित करता है तथा उनका सभापतित्व करता है। किसी मामले में विरोध उत्पन्न होने पर वह उसका निर्णय करता है।
  4. प्रधानमंत्री विदेशी संबंधों के संचालन में केन्द्रीय भूमिका का निर्वाह करता है। वह विदेशी शासनाध्यक्षों के साथ वार्ता से देश का प्रतिनिधित्व करता है।
  5. प्रधानमंत्री मंत्रिपरिषद एवं राष्ट्रपति के मध्य एक सेतु के रूप में कार्य करता है।

सम्बंधित लेख :

  1. प्रधानमन्त्री की शक्ति, स्थिति एवं प्रमुख कार्य तथा उसकी भूमिका की समीक्षा कीजिए।
  2. अनुच्छेद 352 का वर्णन कीजिये तथा इसके प्रावधानों का उल्लेख कीजिये।
  3. राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के बीच संबंध पर चर्चा करें
  4. प्रधानमंत्री वास्तविक कार्यपालक के रूप में टिप्पणी लिखिए।
  5. भारत में प्रधानमन्त्री के शक्तियों में वृद्धि के कारणों का उल्लेख कीजिए।
  6. भारत में प्रधानमन्त्री की नियुक्ति किस प्रकार होती है? प्रधानमन्त्री के कार्य और शक्तियाँ का वर्णन कीजिये।


SHARE THIS

Author:

I am writing to express my concern over the Hindi Language. I have iven my views and thoughts about Hindi Language. Hindivyakran.com contains a large number of hindi litracy articles.

0 comments: