Monday, 17 July 2017

विशेषण और उसके भेद Adjective in Hindi

विशेषण और उसके भेद ( Adjective in Hindi )

Adjective in Hindi 
विशेषण: जो शब्द संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता बताते हैं जैसे गुण, दोष, संख्या, परिमाण आदि। उन्हें विशेषण कहते हैं। मतलब कोई भी शब्द अगर किसी व्यक्ति या वस्तु या प्राणी की विशेषता बता रहा है तो उसे विशेषण कहा जाएगा। 

विशेष्य: जिन संज्ञा या सर्वनाम शब्दों की विशेषता बतायी जा रही हो उन्हें विशेष्य कहते हैं। 
जैसे- विद्वान् अध्यापक। यहाँ विद्वान शब्द अध्यापक की विशेषता बता रहा है इसलिए विद्वान् शब्द विशेषण हैं। दूसरी तरफ अगर हम देखें तो यहाँ विशेषता अध्यापक की बतायी जा रही है इसलिए अध्यापक विशेष्य है। 

विशेषण के भेद : विशेषण के मुख्यतः चार भेद बताये गए हैं। 

  1. गुणवाचक विशेषण 
  2. परिमाणवाचक विशेषण 
  3. संख्यावाचक विशेषण 
  4. सार्वनामिक विशेषण 
गुणवाचक विशेषण: वे विशेषण जो अपने विशेष्य (संज्ञा या सर्वनाम) के गुणों की विशेषता बताते हैं, उन्हें गुणवाचक विशेषण कहते हैं। अब देखते हैं की गुणों से क्या मतलब हैं। गुण का मतलब जैसे किसी व्यक्ति का रूप, आकार, रंग, स्वाभाव, अवस्था आदि से है। ये कई प्रकार के होते हैं। नीचे उनके नाम दिए गए हैं। 
गुण बोधक, दोष बोधक, रंग बोधक, स्थान बोधक, आकार बोधक, दिशा बोधक, अवस्था बोधक, आयु बोधक, गंध बोधक आदि। जैसे: 
  • पुराना फर्नीचर बेच देना। 
  • चटपटा समोसा खाना चाहिए। 
  • ठंडा पानी पीना चाहिए। 
पहले वाक्य में पुराना दूसरे में चटपटा और तीसरे वाक्य में ठंडा शब्द गुणवाचक विशेषण हैं क्योंकि ये शब्द क्रमशः फर्नीचर, समोसा और पानी की विशेषता बता रहे हैं। 

परिमाणवाचक विशेषण : वे विशेषण जो अपने विशेष्य (संज्ञा या सर्वनाम) की मात्रा या परिमाण के विषय में ज्ञान कराएं, उन्हें परिमाणवाचक विशेषण कहते हैं। परिमाण या मात्रा से मतलब किसी वस्तु के वजन नापतौल आदि से हैं। ये मुख्यतः दो प्रकार के होते हैं। 
1- निश्चित परिमाण वाचक : निश्चित परिमाणवाचक विशेषण किसी संज्ञा या सर्वनाम के निश्चित परिमाण का बोध करते हैं।  जैसे -
  • पांच किलो चावल खरीद लिया है। 
  • कोट के लिए तीन मीटर कपड़ा चाहिए। 
  • एक एकड़ जमीन खरीद लो। 
ऊपर दिए गए वाक्यों में पांच किलो, तीन मीटर और एक एकड़ परिमाण ( मात्रा या नापतौल) का बोध करा रहे हैं इसलिए ये सभी निश्चित परिमाणवाचक विशेषण हैं। 

2- अनिश्चित परिमाण वाचक  : जिन विशेषण शब्दों से संज्ञा या सर्वनाम के निश्चित परिमाण का  हो उन्हें अनिश्चित परिमाणवाचक विशेषण कहते हैं। जैसे -
  • चाय के लिए थोड़ी चीनी बचा लो। 
  • बहुत दिनों बाद मिले। 
  • कुछ आता और ले लो। 
  • मै ज्यादा मीठा नहीं खाता। 
ऊपर दिए गए वाक्यों में थोड़ी, बहुत, कुछ और ज्यादा आदि शब्दों  मात्रा का तो बोध हो रहा है पर यह नहीं पता चल पा रहा है की कितनी।  इसलिए ये सभी शब्द अनिश्चित परिमाण वाचक विशेषण हैं। 

संख्या वाचक विशेषण : जो विशेषण शब्द की प्राणी, व्यक्ति या वस्तु की संख्या से सम्बंधित विशेषता का बोध करते हैं उन्हें संख्या वाचक विशेषण कहते हैं। जैसे 
  • मंदिर में दो पुजारी हैं। 
  • कक्षा में पचास छात्र हैं। 
  • उसने तीन दर्जन आम खरीद लिए। 
  • अभिषेक दौड़ में प्रथम आया। 
इन सभी वाक्यों में दो, पचास, तीन दर्जन और प्रथम संख्या वाचक विशेषण हैं क्योंकि ये सभी क्रमशः पुजारी, छात्र, आम और अभिषेक की संख्या सम्बन्धी विशेषता बता रहे हैं। 

सार्वनामिक विशेषण : जो सर्वनाम अपने सार्वनामिक रूप में ही संज्ञा के विशेषण के रूप में प्रयुक्त होते हैं, उन्हें सार्वनामिक विशेषण कहते हैं। ये चार प्रकार के होते हैं। 

(1) संकेतवाचक या निश्चयवाचक सार्वनामिक विशेषण : यह,वह इस,उस आदि संकेत वाचक या निश्चय वाचक सर्वनामों के उदहारण हैं। जब ये शब्द संज्ञा शब्दों की विशेषता बताते हैं तब निश्चयवाचक सार्वनामिक विशेषण कहलाते हैं। जैसे :
  • इस उपन्यास को जरूर पढ़िए। 
  • उस कुर्सी को यहाँ ले आइये। 
  • वह लड़की वहां चली गयी। 
  • क्या यह कलम तुम्हारा है। 

(2)अनिश्चयवाचक सार्वनामिक विशेषण: जहाँ अनिश्चयवाचक सर्वनाम - कोई और कुछ विशेषण के रूप में प्रयुक्त होते हैं। जैसे :
  • कोई कवि आया है। 
  • कुछ मित्र मेरे घर आने वाले हैं।  
(3) प्रश्नवाचक सार्वनामिक विशेषण : कौन, क्या, किस आदि शब्दों का प्रयोग विशेषण के रूप में होता है। जैसे : 
  • कौन सी साइकिल तुम्हे चाहिए ?
  • तुम्हे क्या पसंद है ?
  • कौन जा रहा है ?
  • किस अध्यापक से मिलने जाना है ?
(4) सम्बन्ध वाचक सार्वनामिक विशेषण :  सम्बन्ध सर्वनामों जैसे- मेरा, हमारा, तेरा, तुम्हारा, इसका, उसका, जिसका और उनका आदि का प्रयोग विशेषण के रूप में किया जाता है। जैसे:
  • मेरा भाई घर पहुँच गया है। 
  • उनकी कमीज बहुत सुन्दर है। 
  • तुम्हारा सूट सील गया है। 
  • जिसका फ़ुटबाल हो, आकर ले जाए। 
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