Wednesday, 22 June 2022

परीक्षा परिणाम के बारे में पिता और पुत्र के बीच संवाद - Pariksha Parinam Ke Bare Me Pita aur Putra Ke Beech Samvad

परीक्षा परिणाम के बारे में पिता और पुत्र के बीच संवाद लिखिये : In This article, We are providing परीक्षा परिणाम के बारे में पिता और पुत्र के बीच संवाद लेखन and परीक्षा में कम अंक आने पर पिता और पुत्र का बीच संवाद for Students and teachers.

    परीक्षा परिणाम के बारे में पिता और पुत्र के बीच संवाद

    पिता : सुरेश बेटा जरा यहाँ आकर बैठो।

    पुत्र : जी अभी आया पिताजी।

    पिता : ये देखो आज तुम्हारे स्कूल से रिपोर्ट कार्ड आया है, मै तुम्हारे प्रदर्शन से बहुत ही प्रसन्न हूँ।

    पुत्र : धन्यवाद पिताजी।

    पिता : बेटा इसी तरह मेहनत करते रहो, आजकल हर विभाग में मुक़ाबला बढ़ गया है, तुम इसी तरह कड़ी मेहनत करते रहो।

    पुत्र : जी पिताजी। मैं अगली बार अपने राज्य में प्रथम आऊँगा , इसके लिए जी जान से मेहनत करूंगा।

    पिता : शाबाश बेटा। मुझे तुमसे यही उम्मीद थी। मेहनत कभी बेकार नहीं होती है।

    पुत्र : पिताजी आपका बहुत बहुत धन्यवाद, मैं आपकी बतायी हुई बातों को हमेशा ध्यान में रखूँगा।


    परीक्षा में कम अंक आने पर पिता और पुत्र का बीच संवाद

    पिता : सोहन, इधर आओ

    पुत्र : जी पिताजी।

    पिता : यह देखो तुम्हारा रिपोर्ट कार्ड तुम्हारी मां ने दिया है। आज ही स्कूल से पोस्ट द्वारा आया है। इतना खराब रिपोर्ट कार्ड, तुम्हारे इतने खराब अंक कैसे आये?  

    पुत्र : पिताजी वो परीक्षा में पेपर बहुत कठिन आया था। मैं सही से हल नहीं कर पाया। जो मैं याद करके गया था, उससे बाहर के प्रश्न आ गये।

    पिता : यह क्या बहाने बना रहे हो, प्रश्न जो भी आएंगे होंगे वो तुम्हारे सिलेबस से ही आये होंगे न। सिलेबस से बाहर से तो प्रश्न नहीं आए होंगे।

    पुत्र : जी पिताजी।

    पिता : ये क्यों नही कहते कि तुमने अच्छी तरह से पढ़ाई नहीं की थी।

    पुत्र : पिताजी वो क्या है कि मैं...

    पिता : हाँ बोलो आगे, मैं के आगे कुछ बोलोगे।

    पुत्र : मेरी इस बार तैयारी अच्छे से नही हो पाई थी।

    पिता : तैयारी होती कैसे, टीवी देखने, मोबाइल पर बिजी रहने या यार-दोस्तों के साथ घूमने से फुर्सत मिलती तब ही होती न तैयारी। इसी तरह तुम्हारे अंक कम आएंगे तो तुम्हारा भविष्य चौपट हो जाएगा। तुम दूसरों से पिछड़ जाओगे। तुम यह क्यों नहीं समझते।

    पुत्र : पिताजी, गलती हो गई।

    पिता : शुक्र है तुमने अपनी गलती मानी तो। अब जो हुआ सो हुआ। आगे से अपनी गलती में सुधार करो, मेहनत और लगन से पढ़ाई करोगे तो जरूर तुम्हारे अच्छे अंक आयेंगे।

    पुत्र : जी पिताजी मैं ऐसा ही करूंगा।

    पिता : आज से तुम्हारा टीवी देखना, मोबाइल पर गेम खेलना, घूमना-फिरना बंद। अब तुम्हे जी-तोड़ मेहनत करनी है। देखते हैं, तुम्हारे अच्छे अंक कैसे नही आते हैं।

    पुत्र : पिताजी मैं आपको अगली परीक्षा में अच्छे अंक लाने का वचन देता हूँ।

    पिता : शाबाश।


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