Friday, 27 October 2017

डॉक्टर पर निबंध | Essay on Doctor in Hindi

डॉक्टर पर निबंध। Essay on Doctor in Hindi

डॉक्टर पर निबंध | Essay on Doctor in Hindi

प्रस्तावना : एक डॉक्टर वह व्यक्ति होता है जो बीमार लोगों का इलाज करता है। मनुष्य का जीवन आनंद, उतार-चढ़ाव, दुर्बलता, स्वास्थ्य और बीमारी से परिपूर्ण है। बीमारी मानव जीवन का तत्व है और विश्व में ऐसे बहुत कम लोग हैं जो दूसरों की पीड़ा से मुक्त करते हैं। वह डॉक्टर ही होता है जो बीमार लोगों की देखभाल और उन्हें रोगों से मुक्त करता है। इसीलिए डॉक्टर को हमारे समाज में बहुत सम्मानजनक नजरों से देखा जाता है। 

चिकित्सक का जीवन : एक डॉक्टर अपना सम्पूर्ण जीवन रोगियों को समर्पित कर देता है। वह मानवता के दर्द और पीड़ा को अनुभव करता है। वह रोगों से हमारी रक्षा करता है। वह दूसरों के जीवन को बेहतर और स्वास्थ्यवर्धक बनाने के लिए संघर्ष करता है। डॉक्टर बीमारियों को फैलने से रोकने का कार्य करता है। वह चिकित्सक ही है जो रोगियों के लिए उपचार ढूंढता है। कभी-कभी यह किसी विशेष रोग के उपचार के लिए वर्षों तक खोज करता है और सफल होता है। पिछले कुछ वर्षों में औषधि और शल्य के क्षेत्र में अभूतपूर्व तरक्की हुई है। अब तो क्षतिग्रस्त अंग जैसे ह्रदय, फेफड़े आदि का भी प्रत्यारोपण किया जा सकता है। डॉक्टर का जीवन आसान नहीं है। वह अक्सर खाना खाते समय, आराम के समय भी रोगियों को देखता है। कभी-कभी डॉक्टर युद्ध में घायल हुए व्यक्तियों, दुर्घटनाग्रस्त व्यक्तियों के उपचार के लिए पूरे दिन कार्य करता है। वह अपने रोगियों से सदैव सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार करता है। वह बीमार व्यक्ति को प्रोत्साहित करता है। वह शक्ति और आशा का स्रोत है। किसी बेचैनी या अकुलाहट में भी उसका प्रथम कर्तव्य मरीज का उपचार करना होता है। वह हमेशा अपने मरीज को ठीक करने के बारे में ही सोचता रहता है। 

मानवता की सेवा : भारत में मानवता की सेवा करने की एक लम्बी परम्परा रही है। विश्व की प्रत्येक संस्कृति में इसे अच्छा माना गया है। भारतीय चिकित्सक अपने कठिन परिश्रम और परोपकारी के कारण दुनियाभर में जाने जाते हैं। भारत के डॉक्टरों की सम्पूर्ण विश्व में मांग है। अनेक भारतीय चिकित्सक आज विदेशी अस्पतालों में कार्य करते देखे जा सकते हैं। भारत में सबसे अधिक डॉक्टर हैं। यहाँ लगभग 300 मेडिकल कॉलेज हैं और प्रतिवर्ष लगभग 30000 चिकित्सक निकलते हैं। वे सभी शहरों, गाँवों और कस्बों के अस्पतालों में या स्वयं का क्लीनिक में कार्यरत हो जाते हैं। अब भारत के सभी अस्पताल तेजी से आधुनिकीकरण की ओर बढ़ रहे हैं जिससे चिकित्स्कीय सुविधाओं के इजाफा हुआ है। 

उपसंहार : ऐलोपैथिक पद्धति के अलावा भारत में आयुर्वेद और होमियोपैथी के चिकित्सक भी हैं जो अपने-अपने तरीके से मानव कल्याण में लगे हुए हैं। यहां अनेक स्थानीय चिकित्सक भी होते हैं जो पारम्परिक पद्धति के अनुसार लोगों का इलाज करते हैं। योग और आयुर्वेद इन्ही पारम्परिक पद्धतियों के उदाहरण हैं। डॉक्टर का एक ही उद्देश्य होता है मानवता की सेवा करना और उससे अपनी जीविका कमाना। परन्तु आज कई ऐसे भी डॉक्टर है जिन्होंने चिकित्सा को व्यापार बना दिया है। ऐसे डॉक्टरों ने इस पेशे को बदनाम कर दिया है अतः किसी भी डॉक्टर को ऐसा नहीं करना चाहिए क्योंकि डॉक्टर भगवान् का दूसरा रूप होता है। डॉक्टर का काम जीवन देना होता है न की लेना। 

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